NEWS11

Business International

ईरान से तेल खरीदने के लिए लाइन में लगे कई देश

नई दिल्ली : ईरान का तेल आयात करने को लेकर लगे तमाम प्रतिबंधों के बाद भी कई देश क्रूड के इंपोर्ट के लिए कतार लाइन में हैं. इस्लामिक रिपब्लिक के कई ऐसे कस्टमर हैं जो बड़ी खरीददारी की तैयारी में हैं. इस साल अप्रैल में वॉशिंगटन की ओर से कुछ प्रतिबंध लगाए जाने के बाद से ईरान के कच्चे तेल के निर्यात में 40 फीसदी तक की कमी आई है. अमेरिका की ओर से दुनिया के तीसरे सबसे बड़े तेल उत्पादक देश से तेल खरीद पर लगे प्रतिबंधों में राहत दिए जाने के बाद अब एक बार फिर से कारोबार में तेजी आई है.

ईरान से तेल की खरीददारी करने वाले सभी प्रमुख खरीददारों ने अमेरिका से कुछ छूट दिए जाने की मांग की थी. इन देशों का कहना था कि ईरान से क्रूड की खरीद को जीरो लेवल पर ले जाने से उनकी एनर्जी इंडस्ट्री प्रभावित होगी और ईंधन की कीमतों में भी बड़ा इजाफा होगा.

प्रतिदिन एक मिलियन बैरल कम हुआ निर्यात

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिकी विदेश मंत्री माइकल पोम्पियो ने छूट का बचाव करते हुए कहा कि ट्रंप प्रशासन के ईरान पर दबाव डालने के लिए चलाए गए कैंपेन का नतीजा यह है कि ईरान का तेल निर्यात प्रतिदिन 1 मिलियन बैरल तक कम हुआ है. यह अभी और घटेगा.

छह महीने की मिली है छूट

ईरान से कच्चे तेल के आयात को लेकर 180 दिन यानी करीब छह महीने तक की छूट दी गई है. इस पर अमेरिकी सरकार अवधि समाप्त होने पर एक बार फिर से विचार करेगी. खासतौर पर भारत की बात करें तो केंद्र सरकार के लिए यह बड़ी राहत का सबब है. अमेरिका की ओर से जारी की गई छूट अगले साल मई तक चलेगी यानी सरकार को आम चुनाव तक के लिए कच्चे तेल की महंगाई से कुछ राहत मिल सकेगी.

Related posts

BCCI: रोहित हो सकते हैं वनडे और T-20 के नए कप्तान, कोहली को मिलेगी टेस्ट की कमान

Sumeet Roy

कार मॉडिफिकेशन से रहें सतर्क, महंगा हो सकता है इंश्योरेंस प्रीमियम

Sumeet Roy

पाक की पैंतरेबाज़ी: SGPC से एक खालिस्तानी का नाम हटाकर दूसरे को किया शामिल

Sumeet Roy

वर्ल्ड कप फाइनल: इंग्लैंड से ‘अंडरडॉग’ न्यूजीलैंड की भिडंत

Sumeet Roy

फेसबुक पर 5 अरब डॉलर का जुर्माना, निजता उल्लंघन का है मामला

Sanjeev

अमेरिकी उत्‍पादों पर भारत के टैरिफ को लेकर फिर भड़के ट्रंप, कहा- ये मंजूर नहीं है

Sanjeev
WhatsApp chat Live Chat