रांची: जर्मनी की मशीन और आयरलैंड के मसालों से बन रही है सड़कें, मात्र 48 घंटे में हो रहे तैयार

ranchi roads made by foreign technique रांची: राजधानी रांची के बिजुपाड़ा से बरहे तक सड़क बनाई जा रही है. इसे पायलट प्रोजेक्ट के तहत बनाया जा रहा है. इस प्रोजेक्ट में गीली मिट्टी के साथ सीमेंट और एडिटिव केमिकल डालकर रोलर चलाया जाता है और मात्र कुछ घंटों में सड़क निर्माण हो जाता है.

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इस सड़क की खासियत होती है कि इसमें सड़क पर बोल्डर बिछाने, मोरम डालने की जरुरत नहीं होती है. इसमें मिट्टी को समतल बनाया जाता है, उसमें केमिकल मिलाया जाता है और मजबूत सड़क तैयार हो जाती है.

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रांची में इस तकनीक को एकर आए हैं हॉलैंड से आए टेनाची इंजीनियरिंग के डायरेक्टर मार्को लीवर. उन्होंने बताया कि इस तकनीक से सड़कें बनाने के लिए मशीनें जर्मनी से मंगवाई गई है. जबकि सड़क को मजबूत बनाने वाला मसाला आयरलैंड से मंगवाया गया है. जर्मनी से मंगवाई गई मशीन पूर्णतः कंप्यूटर से चलती है.

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इस तकनीक से तैयार सड़क में 10 साल तक गड्ढा नहीं हो सकता. वैसे इस तकनीक से तैयार सड़क काफी चिकनी हो जाती है, जिसपर गाड़ियों के फिसलने का भय होता है. इसलिए इनके तैयार होने के 72 घंटे के अंदर इसपर अलकतरा चढ़ा दिया जाता है.

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